पैसे के लेन-देन में रची गई साजिश, दो आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी
रिपोर्ट: शैलेश सिंह
सुनसान सड़क किनारे मिली थी लाश, इलाके में फैली थी सनसनी
पश्चिमी सिंहभूम जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र अंतर्गत आचू पावर ग्रिड के पास 28 मार्च 2026 को एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई थी। सड़क किनारे सुभाष बानरा (25 वर्ष), पिता मुकुंद बानरा, निवासी रुईडीह (पांड्राशाली ओपी), वर्तमान पता बासा टोंटो, का शव बरामद हुआ था।
अज्ञात अपराधियों ने धारदार हथियार से वार कर उसकी बेरहमी से हत्या कर दी थी, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी।

पिता के आवेदन पर दर्ज हुआ मामला
घटना के बाद मृतक के पिता मुकुंद बानरा के लिखित आवेदन के आधार पर मुफ्फसिल थाना कांड संख्या 53/2026, दिनांक 28 मार्च 2026 को भारतीय न्याय संहिता (BNS-2023) की धारा 103(1) के तहत अज्ञात अपराधियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई।
जांच में बड़ा खुलासा: दोस्त ही निकला मास्टरमाइंड
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक, चाईबासा के निर्देश पर एक विशेष अनुसंधान दल (SIT) का गठन किया गया।
गठित टीम ने गुप्त सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर चौंकाने वाला खुलासा किया—
👉 मृतक का करीबी दोस्त साऊ देवगम (40 वर्ष), पिता स्व. लक्ष्मण देवगम, निवासी कमरहातु, थाना मुफ्फसिल, ही इस हत्या का मास्टरमाइंड निकला।
पैसे के विवाद में रची गई खौफनाक साजिश
गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में साऊ देवगम ने खुलासा किया कि मृतक सुभाष बानरा से उसका पुराना पैसों का लेन-देन था।
👉 पैसा वापस नहीं मिलने पर उसने बदले की भावना में अपने पांच अन्य साथियों के साथ मिलकर सुनियोजित तरीके से सुपारी देकर हत्या करवाई।
दूसरा आरोपी भी दबोचा गया, आपराधिक इतिहास लंबा
साऊ देवगम की निशानदेही पर पुलिस ने एक अन्य आरोपी गोविंद मुंदुईया (38 वर्ष), पिता स्व. विजय मुंदुईया, निवासी हतनाबेड़ा, थाना झींकपानी, को गिरफ्तार किया।
👉 गोविंद मुंदुईया का लंबा आपराधिक इतिहास रहा है और वह कई संगीन मामलों में पहले भी आरोपी रह चुका है।
गोविंद मुंदुईया का आपराधिक रिकॉर्ड
* मंझारी थाना कांड 22/12 (धारा 364/307/302)
* मंझारी थाना कांड 27/17 (धारा 302/120B, आर्म्स एक्ट)
* मुफ्फसिल थाना कांड 69/18 (धारा 387/506)
👉 इससे साफ है कि यह गिरोह पहले भी गंभीर अपराधों में शामिल रहा है।
अन्य आरोपियों की तलाश में ताबड़तोड़ छापेमारी
पुलिस के अनुसार, इस हत्याकांड में कुल छह लोग शामिल थे।
👉 अभी बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
छापेमारी टीम में शामिल अधिकारी
इस पूरे ऑपरेशन में शामिल प्रमुख पुलिस अधिकारी—
* बहामन टुटी (अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर चाईबासा)
* राज कुमार जेयराजु (भा.पु.से. प्रशिक्षु)
* विनोद कुमार (थाना प्रभारी, मुफ्फसिल थाना)
रिजर्व गार्ड टीम
पुलिस की अपील: सूचना दें, पहचान गुप्त रहेगी
चाईबासा पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी प्रकार के अपराध से संबंधित जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
👉 सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
महत्वपूर्ण हेल्पलाइन नंबर:
🚨 पुलिस इमरजेंसी: 112
🚑 एम्बुलेंस: 108
👩 महिला हेल्पलाइन: 1091
📞 घरेलू हिंसा: 181
💻 साइबर क्राइम: 1930
👶 चाइल्ड हेल्पलाइन: 1098
भरोसे का कत्ल
यह घटना सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि भरोसे के कत्ल की कहानी है—जहां दोस्ती की आड़ में साजिश रची गई और पैसों के विवाद ने एक युवा की जान ले ली।
👉 सवाल यह भी है कि आखिर छोटे-छोटे आर्थिक विवाद कब तक इस तरह खौफनाक अंजाम लेते रहेंगे?













