पुलिस की त्वरित कार्रवाई से गांव में लौटने लगी सामान्य स्थिति
गुवा संवाददाता।
गुवा थाना क्षेत्र के लिपुंगा गांव स्थित बालमुचू टोला में 24 नवंबर की रात हुए दिल दहला देने वाले दोहरे हत्या कांड का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। इस जघन्य वारदात में वृद्ध दंपति स्व. सेरगया बालमुचू (72) और उनकी पत्नी मुक्ता बालमुचू (65) की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी।
परिजन चरण बालमुचू के आवेदन पर गुवा थाना कांड संख्या 48/2025, दिनांक 25.11.2025 दर्ज किया गया था, जिसमें गांव के ही जंगम बालमुचू को आरोपी बनाया गया था।

कांड की गंभीरता को देखते हुए विशेष टीम गठित
घटना की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए पुलिस अधीक्षक, पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा ने तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया।
इस टीम का नेतृत्व अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (किरीबुरू) अजय केरकेट्टा को सौंपा गया। उनके साथ गुवा थाना प्रभारी नीतीश कुमार, बड़ाजामदा ओपी प्रभारी बालेश्वर उराँव, गुवा थाना के पदाधिकारी ललन कुमार मंडल, गणेश शंकर गौड़, बड़ाजामदा ओपी के सीमल हांसदा, तथा सतीश कुमार सिंह समेत सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।
मुख्य आरोपी जंगम बालमुचू गिरफ्तार
जांच टीम ने तकनीकी विश्लेषण और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर कार्रवाई को तेज किया।
सोमवार रात की इस वारदात के 24 घंटे से भी कम समय में पुलिस ने मुख्य आरोपी जंगम बालमुचू (उम्र 35 वर्ष), पिता बुधराम बालमुचू, निवासी लिपुंगा (साकेझार टोला) को उसके घर के पास से विधिवत गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तारी के दौरान मौजूद दो स्वतंत्र साक्षियों के समक्ष आरोपी से पूछताछ की गई, जिसमें उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।
हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद
पूछताछ के आधार पर पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर वह तेजधार हथियार (टांगी) भी बरामद कर लिया, जिसका प्रयोग वृद्ध दंपति की हत्या में किया गया था।
बरामदगी के बाद इसे फॉरेंसिक जांच हेतु भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
गांव में दहशत, लेकिन पुलिस कार्रवाई से राहत
दोहरी हत्या जैसी अमानवीय वारदात से लिपुंगा गांव में दहशत का माहौल था।
स्थानीय ग्रामीणों ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इससे गांव में भय कम हुआ है और लोगों में सुरक्षा की भावना वापस आई है।
पुलिस की ओर से सख्त संदे
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अजय केरकेट्टा ने कहा कि किसी भी प्रकार की आपराधिक वारदात को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। गांव-देहात में अंधविश्वास या विवाद को लेकर हिंसा फैलाने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
वहीं गुवा थाना प्रभारी नीतीश कुमार ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।















