150 लीटर अवैध शराब, 1200 किलो जावा महुआ जब्त — चार के खिलाफ प्राथमिकी, संचालक फरार
पश्चिम सिंहभूम जिले के कराईकेला थाना क्षेत्र में अवैध शराब के खिलाफ उत्पाद विभाग ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। कुईतुका में की गई इस छापामारी ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। अभियान के दौरान विभाग की टीम ने 150 लीटर तैयार अवैध शराब और 1200 किलोग्राम जावा महुआ बरामद किया। इसके साथ ही शराब बनाने में प्रयुक्त बर्तन, डेगची और एक साइकिल भी जब्त की गई है।

गुप्त सूचना पर बना विशेष दस्ता
उत्पाद निरीक्षक निर्भय कुमार सिन्हा ने बताया कि उत्पाद सहायक आयुक्त को लगातार सूचना मिल रही थी कि कुईतुका में बड़े पैमाने पर अवैध शराब का उत्पादन किया जा रहा है। इलाके के कुछ लोग नाले के किनारे छिपकर चुलाई का धंधा संचालित कर रहे थे।
सूचना की पुष्टि होते ही विभाग ने बिना समय गंवाए एक विशेष टीम का गठन किया और शनिवार सुबह छापामारी की रणनीति तय की गई।
नाले के किनारे चल रहा था गंदा धंधा
टीम जब कुईतुका गांव के समीप पहुंची, तो नाले के किनारे कई भट्टियों में आग जलती हुई मिली। बड़े-बड़े ड्रम और टंकियों में जावा महुआ को पका कर शराब तैयार किया जा रहा था।
उत्पाद निरीक्षक के अनुसार —
“जैसे ही हमारी टीम मौके पर पहुंची, शराब माफिया पुलिस को देख भाग निकले। यह पूरी कार्रवाई स्थानीय स्तर पर फैले अवैध शराब नेटवर्क के बड़े रैकेट की ओर इशारा करती है।”
150 लीटर अवैध शराब बरामद — 1200 किलो महुआ जब्त
कार्रवाई के दौरान टीम ने निम्न सामग्री बरामद की—
- 150 लीटर तैयार अवैध देसी शराब
- 1200 किलोग्राम जावा महुआ (जिससे शराब तैयार की जाती थी)
- भट्टी में उपयोग होने वाला बर्तन, डेगची एवं अन्य उपकरण
- एक साइकिल, जिसका उपयोग शराब ढोने के लिए किया जा रहा था
बरामद किए गए महुआ की मात्रा यह दर्शाती है कि यहां बड़े पैमाने पर देसी शराब का अवैध कारोबार चल रहा था, जिससे हर महीने लाखों रुपये की काली कमाई हो रही थी।

उत्पाद विभाग के पहुंचते ही भागे संचालक
मौके पर मौजूद संचालक पुलिस को देखते ही जंगल की ओर भागते दिखाई दिए। तेज धुआँ, भट्टी की तपिश और भागते लोगों का दृश्य यह साफ बता रहा था कि यहां यह गंदा धंधा लंबे समय से चल रहा था।
स्थानीय लोगों के अनुसार भी, शराब माफियाओं का यह ठिकाना कई महीनों से सक्रिय था, लेकिन पुलिस के डर से लोग इस बारे में खुलकर बोलने से बचते थे।
चार के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज — दीलीप तांती मुख्य आरोपी
उत्पाद विभाग ने मौके से भागे संचालकों के खिलाफ कराईकेला थाना में प्राथमिकी दर्ज की है।
मुख्य आरोपी की पहचान दीलीप तांती के रूप में की गई है।
इसके साथ ही अन्य तीन लोगों के नाम भी एफआईआर में शामिल किए गए हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए छापामारी जारी है।
उत्पाद निरीक्षक ने बताया—
“हमने सभी आरोपी व्यक्तियों के खिलाफ सख्त धाराओं में मामला दर्ज किया है। जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।”
इलाके में बढ़ती अवैध शराब की समस्या
पिछले कुछ महीनों से जिले के ग्रामीण इलाकों में अवैध शराब के कारोबार में तेजी आई है। महुआ की उपलब्धता और घने जंगलों की आड़ में शराब माफिया आसानी से भट्टी लगाकर उत्पादन कर देते हैं।
इस कारोबार से—
- स्थानीय युवाओं को नशे की लत लगती है,
- महिलाओं का घरेलू जीवन प्रभावित होता है,
- और गांवों का माहौल बिगड़ता है।
छापामारी को लेकर ग्रामीणों में खुशी — महिलाएं बोलीं, “अब घर बचेगा”
कुईतुका गांव की कई महिलाओं ने अभियान का स्वागत किया।
उन्होंने कहा कि इलाके के कई पुरुष अवैध शराब के कारण परिवार को नजरअंदाज कर रहे थे और रोज–रोज घरेलू कलह बढ़ता जा रहा था।

एक महिला ने कहा—
“ये शराब ने हमारे घरों को बर्बाद किया है। आज पुलिस आई है, अच्छा किया। हम चाहेंगे कि यह अभियान लगातार चले।”
एक किलो जावा महुआ से डेढ़–दो लीटर शराब तैयार
जांच में अधिकारियों ने बताया कि 1200 किलो जावा महुआ से लगभग 1800 से 2000 लीटर देसी शराब तैयार की जा सकती थी।
यानी यह एक बड़ा नेटवर्क था, जिसमें हर दिन 50–60 लीटर शराब तैयार की जा रही होगी।
अगर बाजार मूल्य की बात करें, तो यह कारोबार महीने भर में 50–60 हजार रुपये तक की कमाई देता है — और यही कारण है कि स्थानीय अपराधी लगातार इस धंधे में कूदते रहे हैं।
उत्पाद विभाग की चेतावनी — किसी को बख्शा नहीं जाएगा
उत्पाद विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि जिले में अवैध शराब का व्यापार किसी भी कीमत पर नहीं चलने दिया जाएगा।
उन्होंने कहा—
“जो भी व्यक्ति अवैध शराब के कारोबार में मिलेगा, उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होगी।”
अगले चरण में होगी बड़े नेटवर्क की खोज
विभाग अब इस बात की जांच कर रहा है कि—
- जावा महुआ कहां से आता था?
- शराब की सप्लाई किन गांवों तक होती थी?
- इस नेटवर्क के पीछे और कौन–कौन लोग सक्रिय हैं?
सूत्रों की मानें तो यह संभव है कि यह रैकेट आसपास के कई गांवों तक फैला हुआ हो।















