भ्रष्टाचार नक्सल खदान
अपराध राजनीति खेल समस्या स्वास्थ्य कार्यक्रम शिक्षा दुर्घटना सांस्कृतिक मनोरंजन मौसम कृषि ज्योतिष काम

बंडामुंडा में बाल श्रम का सनसनीखेज खुलासा

On: April 24, 2026 10:38 PM
Follow Us:
---Advertisement---

नक्सल प्रभावित सारंडा की दो नाबालिग बहनों से घरेलू काम, एक भागकर पहुंची पुलिस के पास

रिपोर्ट: शैलेश सिंह

रेलनगरी बंडामुंडा से मानवता को झकझोर देने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां दो नाबालिग आदिवासी बहनों से कथित रूप से घरेलू काम करवाए जाने का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। जिस उम्र में बच्चों के हाथों में किताबें होनी चाहिए, उसी उम्र में इन मासूमों को झाड़ू-पोंछा और बर्तन मांजने जैसे कामों में झोंक दिया गया।

सारंडा के जंगल से बंडामुंडा तक शोषण की कहानी

मिली जानकारी के अनुसार, झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले के अत्यंत नक्सल प्रभावित सारंडा के करमपदा के समीप गांव की रहने वाली दो नाबालिग बहनें पिछले कई महीनों से बंडामुंडा रेलवे कॉलोनी स्थित एक रेलकर्मी के घर में रह रही थीं।
बताया जा रहा है कि दोनों बहनों से दिनभर घरेलू काम कराया जाता था और बदले में केवल खाना दिया जाता था। न तो उन्हें किसी प्रकार की मजदूरी मिल रही थी और न ही शिक्षा की कोई व्यवस्था थी।

सारंडा की नाबालिक युवती

छोटी बहन ने दिखाई हिम्मत, भागकर पहुंची बाहर

मामले ने उस वक्त तूल पकड़ा जब रेलकर्मी अपने परिवार के साथ शहर से बाहर गया हुआ था। इसी दौरान छोटी बहन किसी तरह घर से निकल भागी।
अकेली और डरी-सहमी बच्ची को भटकते देख आसपास के ग्रामीणों ने उसे पकड़कर बंडामुंडा पुलिस के हवाले कर दिया।
सूत्रों के अनुसार, बच्ची भागने के बाद अन्य गांवों की ओर जा रही थी, लेकिन रास्ते में ग्रामीणों ने उसे रोककर सुरक्षित पुलिस तक पहुंचाया। यह कदम बच्ची के लिए जीवनरक्षक साबित हुआ।

पुलिस की तत्परता, सखी सेंटर में सुरक्षित बच्ची

पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए बच्ची को राउरकेला सरकारी अस्पताल स्थित सखी सेंटर में सुरक्षित रखा है। वहां उसकी देखभाल की जा रही है और काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू की गई है।
बंडामुंडा थाना प्रभारी रंजन कुमार नायक ने बताया कि बच्ची पूरी तरह सुरक्षित है और मामले की जांच जारी है।

बाल कल्याण समिति सक्रिय, जांच शुरू

घटना की जानकारी मिलते ही जिला बाल कल्याण समिति (CWC) भी सक्रिय हो गई है।
सीडब्ल्यूसी के चेयरमैन सामी ओराम ने बताया कि मामले को गंभीरता से लिया गया है और बच्ची को जल्द ही शेल्टर होम भेजा जाएगा, जहां उसकी काउंसलिंग और आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
प्रारंभिक जांच में मामला बाल श्रम और नाबालिगों के शोषण से जुड़ा प्रतीत हो रहा है।

रेलकर्मी पर गंभीर सवाल, जांच के घेरे में पूरा मामला

एक जिम्मेदार पद पर कार्यरत रेलकर्मी के घर से इस तरह का मामला सामने आने के बाद कई सवाल खड़े हो गए हैं।
सूत्रों के मुताबिक, घटना की जानकारी मिलने के बाद संबंधित रेलकर्मी बच्ची के पिता को गांव से लेकर उसे वापस ले जाने पहुंचा था। हालांकि, इस पहलू की भी जांच की जा रही है कि बच्चियों को किन परिस्थितियों में वहां रखा गया था और क्या यह मानव तस्करी या बाल श्रम का मामला है।

गरीबी, नक्सल डर और शोषण का खतरनाक गठजोड़

सारंडा जैसे नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में यह समस्या नई नहीं है।
गरीबी और नक्सलियों के डर से कई आदिवासी परिवार अपने बच्चों को गांव से बाहर रिश्तेदारों या परिचितों के पास भेज देते हैं, ताकि उन्हें जबरन नक्सली गतिविधियों में शामिल न किया जा सके।
लेकिन यही व्यवस्था कई बार बच्चों के शोषण का कारण बन जाती है, जहां उन्हें शिक्षा के बजाय घरेलू काम या मजदूरी में झोंक दिया जाता है।

बड़ा सवाल: सुरक्षा या शोषण?

यह मामला एक बड़ा सवाल खड़ा करता है—क्या बच्चों को सुरक्षित भविष्य देने के नाम पर उन्हें शोषण के हवाले किया जा रहा है?
अगर परिवार आर्थिक रूप से कमजोर है, तो बच्चों को बाल कल्याण समिति के संरक्षण में भेजकर उनकी शिक्षा और परवरिश सुनिश्चित की जानी चाहिए, न कि उन्हें किसी के घर मजदूरी करने के लिए छोड़ दिया जाए।

प्रशासन के सामने चुनौती

यह घटना प्रशासन के लिए भी एक गंभीर चेतावनी है।
* नक्सल प्रभावित क्षेत्रों से बच्चों का पलायन
* बाल श्रम और मानव तस्करी
* शिक्षा से वंचित होते मासूम
इन सभी मुद्दों पर समन्वित कार्रवाई की जरूरत है।

सख्त कार्रवाई की मांग

अब पूरे मामले में लोगों की नजरें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में कोई भी मासूम इस तरह के शोषण का शिकार न हो।

SINGHBHUMHALCHAL NEWS

सिंहभूम हलचल न्यूज़ एक स्थानीय समाचार मंच है, जो पश्चिमी सिंहभूम, झारखंड से सटीक और समय पर समाचार प्रदान करने के लिए समर्पित है। यह राजनीति, अपराध, मौसम, संस्कृति और सामुदायिक मुद्दों को हिंदी में कवर करता है।

Join WhatsApp

Join Now

Leave a Comment