मेघाहातुबुरु में विश्वकर्मा पूजा पर केबीआर-एमबीआर फुटबॉल क्लब का शानदार आयोजन
रिपोर्ट : शैलेश सिंह
मेघाहातुबुरु। विश्वकर्मा पूजा के शुभ अवसर पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मेघाहातुबुरु फुटबॉल मैदान में केबीआर-एमबीआर फुटबॉल क्लब के तत्वावधान में एक दिवसीय नॉकआउट फुटबॉल प्रतियोगिता का सफल एवं रोमांचक आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में कुल 16 टीमों ने हिस्सा लिया और पूरे दिन मैदान में खिलाड़ियों के बीच जोरदार मुकाबले देखने को मिले।

फाइनल में सन्नी एफसी बनाम ड्रीम एफसी
प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला सन्नी एफसी और ड्रीम एफसी के बीच खेला गया। दोनों टीमों ने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए एक-दूसरे के गोलपोस्ट पर लगातार हमले किए, लेकिन निर्धारित समय तक कोई भी टीम गोल करने में सफल नहीं हो सकी। दर्शकों की सांसें उस समय थम गईं, जब मुकाबला बिना गोल के बराबरी पर समाप्त हुआ।
पेनल्टी शूटआउट भी रहा बेनतीजा
फाइनल का फैसला करने के लिए पेनल्टी शूटआउट का सहारा लिया गया। यहां भी दोनों टीमों के बीच मुकाबला बराबरी पर रहा और पेनल्टी शूटआउट से भी विजेता का फैसला नहीं हो सका। अंततः आयोजन समिति ने सिक्का उछालकर विजेता का फैसला किया। सिक्का ड्रीम एफसी के पक्ष में गिरा और इसी के साथ ड्रीम एफसी ने सन्नी एफसी को पराजित कर प्रतियोगिता के खिताब पर कब्जा जमा लिया।

विजेता को 30 हजार, उपविजेता को 15 हजार
खिताबी जीत के बाद ड्रीम एफसी के खिलाड़ियों में खुशी की लहर दौड़ गई। अंकित बोदरा की ओर से विजेता टीम को 30 हजार रुपये तथा जयपाल सिंह मुंडा की ओर से उपविजेता सन्नी एफसी को 15 हजार रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
दिलीप बने मैन ऑफ द सीरीज
प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को भी सम्मानित किया गया। राहुल कुमार द्वारा दिलीप को मैन ऑफ द सीरीज, सावन को बेस्ट डिफेंडर तथा मुन्ना साहू को बेस्ट गोलकीपर का पुरस्कार प्रदान किया गया।

खेल से मजबूत होता है शरीर और भाईचारा : विनीत किंडो
प्रतियोगिता के फाइनल मुकाबले का शुभारंभ बतौर मुख्य अतिथि विनीत किंडो ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त करने के बाद कराया। खिलाड़ियों एवं खेलप्रेमियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वह स्वयं भी स्पोर्ट्समैन हैं और खेल को जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा मानते हैं।
उन्होंने कहा कि खेल से व्यक्ति शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत होता है। खेल के माध्यम से आपसी रिश्तों, मेल-जोल और भाईचारे को भी मजबूती मिलती है। उन्होंने खिलाड़ियों को खेल भावना के साथ आगे बढ़ने तथा अपनी प्रतिभा को बेहतर मंच पर प्रदर्शित करने के लिए प्रोत्साहित किया।

आयोजन समिति की रही महत्वपूर्ण भूमिका
प्रतियोगिता को सफल बनाने में आयोजन समिति के सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। आयोजन समिति में अजय नाग, जगदीप महाराणा, अर्जुन पान, जयपाल सिंह मुंडा, शैलेंद्र बिरुआ, भूषण पूर्ति, अंकित बोदरा, कुदरे बानरा, अनिल पान, बीरेंद्र सिंकू, सुमित बेहरा, संतोष, अनिरुद्ध कर्माकर, आकाश, प्रवीण केरकेट्टा, मोहम्मद हसन, जेम्स मुंडा, पंकज पूर्ति, सुनील सिंकू, अविनाश, विशु सहित अन्य सदस्य शामिल रहे।
पूरी प्रतियोगिता के दौरान मैदान में खेलप्रेमियों की भीड़ जुटी रही। रोमांचक मुकाबलों और फाइनल में सिक्का उछालकर हुए फैसले ने विश्वकर्मा पूजा के इस खेल आयोजन को यादगार बना दिया।








