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“नारी है शक्ति, नारी है सृजन”: मेघाहातुबुरू में महिला दिवस पखवाड़ा–2026 का भव्य समापन

On: March 19, 2026 2:03 AM
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Give to Gain” थीम के साथ 18 दिनों तक चला उत्सव, सम्मान और संकल्प के साथ हुआ समापन

रिपोर्ट: शैलेश सिंह

केंद्रीय खनन एवं रसद संगठन (सीएमएलओ), सेल की मेघाहातुबुरू लौह अयस्क खदान प्रबंधन के तत्वावधान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पखवाड़ा–2026 का भव्य समापन 18 मार्च को सामुदायिक भवन, मेघाहातुबुरू में उत्साह, उमंग और सम्मान के वातावरण के बीच संपन्न हुआ। यह आयोजन सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं बल्कि नारी सम्मान, समानता और सशक्तिकरण की दिशा में एक मजबूत सामाजिक संदेश बनकर उभरा।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रभारी सीजीएम सह महाप्रबंधक (माइंस) संजय कुमार सिंह, महिला समिति की अध्यक्षा रंजिता सिंह, विशिष्ट अतिथि सीएमओ डॉ. नंदी जेराई, महाप्रबंधक योगेश प्रसाद राम, मनीष राय, के.बी. थापा, प्रमोद कुमार सहित अन्य गणमान्य अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया।

“Give to Gain”: देने से ही मिलता है सशक्त समाज
थीम ने दिया सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश

इस वर्ष महिला दिवस पखवाड़ा का थीम “Give to Gain” रखा गया, जिसका मूल संदेश था—अगर हम समाज को सम्मान, समानता और अवसर देंगे, तभी हमें एक सशक्त, विकसित और समृद्ध समाज प्राप्त होगा।
यह थीम पूरे आयोजन में जीवंत रूप से दिखाई दी, जहां हर गतिविधि में महिलाओं की भागीदारी, आत्मविश्वास और नेतृत्व की झलक देखने को मिली।
18 दिनों तक चला उत्सव: प्रतिभा, परंपरा और प्रगति का संगम

खेल, कला, संस्कृति और रचनात्मकता का अद्भुत समावेश

1 मार्च से 18 मार्च 2026 तक चले इस पखवाड़ा में महिलाओं और बच्चों के लिए विभिन्न प्रकार की प्रतियोगिताओं और कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
इनमें प्रमुख रूप से—
* नृत्य एवं गीत प्रतियोगिता
* खेल प्रतियोगिताएं
* रंगोली एवं कला प्रदर्शन
* पाक-कला (कुकिंग) प्रतियोगिता
* मेहंदी, अंताक्षरी, म्यूजिकल चेयर
* बैडमिंटन, कैरम, दौड़ और अन्य खेल
हर कार्यक्रम में प्रतिभागियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपने हुनर का शानदार प्रदर्शन किया।

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां

महिलाओं और बच्चों ने दिखाई प्रतिभा की चमक
समापन समारोह के दौरान महिलाओं और बच्चों ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
लोकगीत, आधुनिक नृत्य, समूह प्रस्तुति और नाट्य मंचन ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
यह मंच महिलाओं के लिए अपनी प्रतिभा को अभिव्यक्त करने का माध्यम बना, जहां उन्होंने आत्मविश्वास के साथ अपनी कला का प्रदर्शन किया।

रंजिता सिंह का भावनात्मक और प्रेरणादायक संबोधन

“नारी सम्मान नहीं, नारी ही सम्मान की पहचान है”
महिला समिति की अध्यक्षा रंजिता सिंह ने अपने संबोधन में नारी शक्ति की महत्ता को अत्यंत प्रभावशाली शब्दों में प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा—
“नारी केवल एक व्यक्ति नहीं, बल्कि संपूर्ण सृष्टि की आधारशिला है। नारी से ही परिवार बनता है, समाज बनता है और राष्ट्र का निर्माण होता है।”
उन्होंने आगे कहा कि—
नारी मां बनकर संस्कार देती है, बेटी बनकर उम्मीद जगाती है, बहन बनकर स्नेह का दीप जलाती है और एक कर्मठ नागरिक बनकर समाज को नई दिशा देती है।


उनका कहना था कि—
जहां नारी का सम्मान होता है, वहीं सच्चा विकास संभव है
नारी किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं है—चाहे विज्ञान हो, खेल हो, प्रशासन हो या उद्योग
आज की नारी ने अपनी क्षमता और परिश्रम से हर क्षेत्र में इतिहास रचा है
उन्होंने स्पष्ट कहा—
“महिला सशक्तिकरण एक दिन का उत्सव नहीं, बल्कि एक सतत आंदोलन है।”
उन्होंने सभी से आह्वान किया कि—
* घर, समाज और कार्यस्थल पर महिलाओं को समान अवसर दिया जाए
* उनके सम्मान और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए
* लैंगिक भेदभाव को समाप्त कर समानता का वातावरण बनाया जाए
उनका यह संबोधन उपस्थित सभी लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया।

मुख्य अतिथि संजय कुमार सिंह का ओजस्वी उद्बोधन

“जहां नारी का सम्मान, वहीं सभ्यता की पहचान”
मुख्य अतिथि प्रभारी सीजीएम संजय कुमार सिंह ने अपने उद्बोधन में भारतीय संस्कृति में नारी के स्थान को रेखांकित किया।
उन्होंने कहा—
“नारी एक शब्द नहीं, बल्कि शक्ति, प्रेरणा और सृजन का प्रतीक है। जिस समाज में नारी का सम्मान होता है, वही समाज प्रगति करता है।”
उन्होंने भारतीय परंपरा का उदाहरण देते हुए कहा—
हमारे यहां माता को पिता से भी ऊंचा स्थान दिया गया है
भगवान के नाम भी नारी के साथ लिए जाते हैं—राधा-कृष्ण, सीता-राम, गौरी-शंकर
उन्होंने कहा कि—
“जहां नारी की पूजा होती है, वहां देवताओं का निवास होता है।”


संजय कुमार सिंह ने यह भी कहा कि—
अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस केवल एक दिन का आयोजन नहीं है
यह पूरे वर्ष हमें महिलाओं के अधिकार, सम्मान और समानता के लिए कार्य करने की प्रेरणा देता है
उन्होंने सभी को संकल्प दिलाया—
* महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने का
* कार्यस्थल पर समान अवसर देने का
* समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का
उन्होंने उन सभी महिलाओं को नमन किया जो अपने संघर्ष और समर्पण से समाज और राष्ट्र को आगे बढ़ा रही हैं।

अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति

प्रशासन और समाज का मिला मजबूत समर्थन
इस अवसर पर उप महाप्रबंधक सरस साहू, डॉ. मनोज कुमार, सहायक महाप्रबंधक मृत्युंजय कुमार, आलोक वर्मा, सुष्मिता राय, सुनीता थापा, सुषमा योगेश राम, रंजना प्रमोद, नीरू सिंह, निक्की साहू, पिंकी यादव सहित कई अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।


इसके अलावा
मुखिया पार्वती कीड़ों
मुखिया प्रफुल्लित ग्लोरिया टोपनो
काकोली दास, दिव्या सिंह, लक्ष्मी सिद्धार्थ
पिंकी मनोज, मोहन कुमार, सीताराम महतो
स्वाति स्नेहा, कुंअर वीरेंद्र बहादुर
सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।

प्रतियोगिताओं के विजेता: प्रतिभा का सम्मान

हर क्षेत्र में महिलाओं ने दिखाई अपनी क्षमता
कार्यक्रम के दौरान आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित किया गया।
सॉन्ग प्रतियोगिता
रानी फरहत, प्रीति रजक, रिंकी सिंह
पकवान (विवाहित)
मोनिका सरकार, सुनीता बान सिंह, प्रीति शर्मा, प्रीति रजक, रिंकी सिंह
फ्रूट सलाद डेकोरेशन (विवाहित)
जुबेदा खातून, सुशीला मल्लिक, एलिजाबेथ पूर्ति
अंताक्षरी
सुमन / सुमित / अमृता, आरती / रुचिस्मित / माया, रिंकी / मालाराज / श्वेता
(कुल सात समूहों को पुरस्कार)


रंगोली
नवनीता गोंड, प्रीति रजक, रिंकी सिंह, तिलोत्तमा महतो, गायत्री, अनीता जमुदा
शंख वादन (विवाहित)
रोशनी, रुचस्मिता, लॉरालिन
कैरम सिंगल
रीना, रानी, संगीता
कैरम डबल
माधुरी, दिव्या, अंजली
म्यूजिकल चेयर
रीता, अनीता, रंजिता
बैडमिंटन सिंगल
सनमय, तिनानी, राजकुमारी
बैडमिंटन डबल
सुप्रिया / मंजू, रिंकी / अंजली, भाग्यश्री / दिव्या

बास्केट बॉल थ्रो (विवाहित)– एलिजाबेथ, यशोदा, प्रिया। (अविवाहित) अंजली, मोनालिसा, निकी/रीता

100 मीटर रेस (विवाहित) – तिनानी, अनीता बरवा, अनीता हस्सा पूर्ति। (अविवाहित) मोनालिसा, विनीता, दिव्या

गुप डांस (विवाहित) रिबेलियस क्वीन, शाइनिंग लेडीज, स्पार्कलिंग स्टार। (अविवाहित) पुष्पा, अनीता, जसमीन

सोलो डांस (विवाहित) अंजू, श्रावणी, नवोनिता। (अविवाहित) आस्था, सपना, श्वेता

वन मिनट फन गेम – अमिता, रितिका, सरस्वती

मेहंदी (अविवाहित)– एकता, सपना, स्नेहा। (विवाहित) – रोशनी, पूजा, प्रीति

पोलो रेस (विवाहित)– रेखा, पूजा, अंजली। (अविवाहित)– माधुरी, दिव्या, अंजली

समापन नहीं, एक नई शुरुआत

नारी सम्मान के संकल्प के साथ आगे बढ़ा समाज
यह भव्य आयोजन केवल एक कार्यक्रम का समापन नहीं था, बल्कि एक नई सोच, नई ऊर्जा और नए संकल्प की शुरुआत थी।
मेघाहातुबुरू में आयोजित यह महिला दिवस पखवाड़ा यह संदेश देने में सफल रहा कि—
* नारी केवल घर तक सीमित नहीं
* वह समाज, उद्योग और राष्ट्र निर्माण की मुख्य धुरी है
“Give to Gain” की थीम के साथ यह आयोजन यह साबित कर गया कि जब समाज महिलाओं को सम्मान, अवसर और सुरक्षा देता है, तो बदले में उसे एक मजबूत, समृद्ध और विकसित समाज प्राप्त होता है।


अंततः, यह आयोजन नारी शक्ति को समर्पित एक ऐसा उत्सव बन गया, जिसने हर दिल में यह संकल्प जगा दिया—
“जहां नारी का सम्मान होगा, वहीं सच्चा विकास होगा।”

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सिंहभूम हलचल न्यूज़ एक स्थानीय समाचार मंच है, जो पश्चिमी सिंहभूम, झारखंड से सटीक और समय पर समाचार प्रदान करने के लिए समर्पित है। यह राजनीति, अपराध, मौसम, संस्कृति और सामुदायिक मुद्दों को हिंदी में कवर करता है।

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