पंचायती राज विभाग की अधिसूचना और वित्त विभाग के निर्देश के अनुपालन में उपायुक्त ने जारी किया आदेश
उच्चतर वेतनमान वाले पद पर निम्नतर वेतनमान के अधिकारी को प्रभार नहीं देने के निर्देश के बाद हुई कार्रवाई
रिपोर्ट : शैलेश सिंह
चाईबासा। झारखंड सरकार के पंचायती राज विभाग की अधिसूचना संख्या 2292, दिनांक 31 जुलाई 2026 तथा वित्त विभाग के निर्देशों के अनुपालन में पश्चिमी सिंहभूम के उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी मनीष कुमार ने जिला परिषद चाईबासा में जिला अभियंता के प्रभार में बदलाव का आदेश जारी किया है।
जिला विकास शाखा, पश्चिमी सिंहभूम द्वारा जारी आदेश ज्ञापांक-1250, दिनांक 04 अगस्त 2026 के तहत ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल, चाईबासा के कार्यपालक अभियंता राजू मरांडी को उनके वर्तमान दायित्वों के अतिरिक्त जिला अभियंता, जिला परिषद चाईबासा का प्रभारी नियुक्त किया गया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।

वित्त विभाग के निर्देश के बाद हुई कार्रवाई
जानकारी के अनुसार झारखंड सरकार के वित्त विभाग ने अपने पत्रांक-1630, दिनांक 19 मई 2026 के माध्यम से सभी अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव एवं जिला उपायुक्तों को स्पष्ट निर्देश दिया था कि उच्चतर वेतनमान वाले पदों का चालू प्रभार निम्नतर वेतनमान वाले अधिकारियों को नहीं दिया जाए।
इसी निर्देश के आलोक में राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में ऐसे मामलों की समीक्षा कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
पंचायती राज विभाग के आदेश का अनुपालन
पंचायती राज विभाग की अधिसूचना के अनुरूप उपायुक्त मनीष कुमार ने जिला विकास शाखा के माध्यम से यह आदेश जारी किया। इसके तहत कार्यपालक अभियंता राजू मरांडी को जिला परिषद चाईबासा के जिला अभियंता का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
राज्यभर में चल रही है प्रभार व्यवस्था की समीक्षा
सरकारी सूत्रों के अनुसार वित्त विभाग के निर्देश के बाद राज्य के विभिन्न विभागों में उच्चतर वेतनमान वाले पदों पर कार्यरत प्रभारधारी अधिकारियों की समीक्षा की जा रही है। जहां कहीं भी निम्नतर वेतनमान वाले अधिकारियों को उच्च पद का प्रभार दिया गया था, वहां नियमों के अनुरूप संशोधन की प्रक्रिया जारी है।
प्रशासनिक व्यवस्था को नियमों के अनुरूप बनाने की पहल
जिला प्रशासन का कहना है कि यह निर्णय राज्य सरकार के निर्देशों के अनुरूप लिया गया है, ताकि प्रशासनिक व्यवस्था वित्त विभाग एवं पंचायती राज विभाग के निर्धारित नियमों के अनुसार संचालित हो सके।












