इंस्पेक्टर समीर तिर्की और थाना प्रभारी बालेश्वर उरांव के नेतृत्व में निकला पैदल मार्च, शांति और सौहार्द के बीच पर्व मनाने का संदेश
रिपोर्ट: शैलेश सिंह
बड़ाजामदा। दुर्गापूजा के मद्देनजर पश्चिम सिंहभूम जिले के बड़ाजामदा क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और विधि-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से बड़ाजामदा थाना पुलिस ने पूरे क्षेत्र में पैदल फ्लैग मार्च निकाला। इंस्पेक्टर समीर तिर्की और थाना प्रभारी बालेश्वर उरांव के नेतृत्व में निकाले गए इस फ्लैग मार्च के जरिए पुलिस ने आम लोगों को सुरक्षा का भरोसा दिलाया तथा दुर्गापूजा को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने का संदेश दिया।

सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस सतर्क
दुर्गापूजा के दौरान पूजा पंडालों, प्रमुख चौक-चौराहों, बाजारों और सार्वजनिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ जाती है। इसे देखते हुए पुलिस प्रशासन पर्व के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने को लेकर सतर्क है। फ्लैग मार्च के माध्यम से क्षेत्र में पुलिस की सक्रियता प्रदर्शित करने के साथ शांति व्यवस्था बनाए रखने की प्रतिबद्धता भी जताई गई।
शांति और सौहार्द बनाए रखने का संदेश
फ्लैग मार्च का मुख्य उद्देश्य दुर्गापूजा के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना की आशंका को रोकना और आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना मजबूत करना है। पुलिस की इस पहल से लोगों को यह संदेश दिया गया कि पर्व के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है।
संवेदनशील गतिविधियों पर रहेगी नजर
दुर्गापूजा जैसे बड़े धार्मिक आयोजन के दौरान पुलिस की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। ऐसे में असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर नजर रखना, भीड़भाड़ वाले स्थानों पर सतर्कता बरतना और किसी भी संभावित विवाद को समय रहते नियंत्रित करना महत्वपूर्ण है। पुलिस की सक्रियता का उद्देश्य यही है कि श्रद्धालु निर्भय होकर पूजा-अर्चना कर सकें और क्षेत्र में सामान्य जनजीवन सुचारू बना रहे।

प्रशासन का सहयोग करें, शांतिपूर्ण माहौल में मनाएं पर्व
पुलिस प्रशासन की पहल के साथ आम नागरिकों की जिम्मेदारी भी अहम है। दुर्गापूजा के दौरान आपसी भाईचारा, सामाजिक सौहार्द और शांति बनाए रखना जरूरी है। किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान देने के बजाय उसकी सत्यता की पुष्टि करनी चाहिए तथा किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को देनी चाहिए।
बड़ाजामदा थाना पुलिस की इस पहल का उद्देश्य दुर्गापूजा को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराना है, ताकि सभी समुदायों के लोग मिल-जुलकर हर्षोल्लास के साथ पर्व मना सकें।










