गुवा थाना पुलिस, जेएसएलपीएस और बाल सुरक्षा अधिकार मंच ने बच्चों को दिलाई नशा मुक्ति की शपथ
रिपोर्ट: संदीप गुप्ता
गुवा में बढ़ते नशे के खतरे के बीच स्कूली बच्चों को जागरूक करने की दिशा में एक अहम पहल की गई। गुवा थाना पुलिस, जेएसएलपीएस जेंडर सीआरपी तथा बाल सुरक्षा अधिकार मंच के संयुक्त तत्वावधान में गुवा स्थित इस्को मिडिल स्कूल में मादक पदार्थों के सेवन के खिलाफ विशेष जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराना और उन्हें नशा मुक्त जीवन की ओर प्रेरित करना था।

बचपन को बचाने की मुहिम
कार्यक्रम की शुरुआत बच्चों को नशे के खतरों के बारे में जानकारी देने से हुई। वक्ताओं ने कहा कि आज समाज में तेजी से फैल रही नशे की प्रवृत्ति युवाओं और किशोरों के भविष्य के लिए गंभीर खतरा बनती जा रही है। ऐसे में स्कूल स्तर से ही जागरूकता अभियान चलाना बेहद जरूरी है।
बच्चों को बताया गया कि नशा न केवल शरीर को कमजोर करता है, बल्कि मानसिक संतुलन और सामाजिक जीवन को भी बुरी तरह प्रभावित करता है।
थाना प्रभारी नीतीश कुमार का सख्त संदेश
गुवा थाना प्रभारी नीतीश कुमार ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए स्पष्ट शब्दों में कहा कि नशा जीवन को बर्बादी की ओर ले जाता है। उन्होंने कहा—
“नशा व्यक्ति के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक जीवन पर बुरा असर डालता है। यह सिर्फ एक व्यक्ति को नहीं, पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है।”
उन्होंने बच्चों से अपील की कि वे खुद नशे से दूर रहें और अपने परिवार व आसपास के लोगों को भी इसके प्रति जागरूक करें।
उन्होंने यह भी कहा कि मादक पदार्थों का सेवन युवाओं के सुनहरे भविष्य को अंधकार में धकेल सकता है।
“नशा मुक्त समाज में युवाओं की भूमिका अहम”
कार्यक्रम के दौरान जेएसएलपीएस जेंडर सीआरपी और बाल सुरक्षा अधिकार मंच के प्रतिनिधियों ने बच्चों को समाज में अपनी भूमिका समझाई।
उन्होंने कहा कि नशा मुक्त समाज का निर्माण तभी संभव है जब युवा पीढ़ी इसके खिलाफ खड़ी होगी। बच्चों को समझाया गया कि वे अपने घर और गांव में नशा विरोधी संदेश पहुंचाने का काम करें।
बच्चों ने ली नशा मुक्त जीवन की शपथ
अभियान के अंत में विद्यालय के सभी छात्र-छात्राओं को मादक पदार्थों के सेवन के खिलाफ शपथ दिलाई गई। बच्चों ने संकल्प लिया कि वे नशे से दूर रहेंगे और दूसरों को भी इससे बचने के लिए प्रेरित करेंगे।
यह शपथ कार्यक्रम का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा रहा, जहां बच्चों ने एक स्वस्थ और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का वादा किया।
शिक्षकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की रही सक्रिय भागीदारी
इस जागरूकता कार्यक्रम में थाना प्रभारी नीतीश कुमार, जेएसएलपीएस जेंडर सीआरपी गीता देवी, ममता देवी, बाल अधिकार सुरक्षा मंच की सदस्य पदमा केसरी, एस्पायर की शताक्षी दास, कृष्ण गोप, विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि नशे के खिलाफ लड़ाई सिर्फ पुलिस या प्रशासन की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
गुवा में चलाया गया यह अभियान आने वाले दिनों में नशा मुक्त समाज की दिशा में एक मजबूत कदम माना जा रहा है।











