लगातार नौ दिनों से मैगजीन लेबल क्षेत्र में शांतिपूर्ण आंदोलन, मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा संघर्ष
रिपोर्ट : शैलेश सिंह
गुवा। सेल की गुवा खदान अंतर्गत रांजाबुरु खदान में स्थानीय रोजगार समेत पूर्व में हुए लिखित समझौते को पूरी तरह लागू कराने की मांग को लेकर 10 अगस्त से शुरू हुआ अनिश्चितकालीन आंदोलन 18 अगस्त को लगातार नौवें दिन भी यथावत जारी रहा। सारंडा विकास समिति, जामकुंडिया-दुईया के बैनर तले चल रहे इस आंदोलन में विभिन्न गांवों के ग्रामीण, महिलाएं, पुरुष, बेरोजगार युवा, मुंडा एवं अन्य ग्रामीण प्रतिनिधि लगातार अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं।

नौ दिनों से आंदोलन पर डटे ग्रामीण
आंदोलनकारियों ने नौवें दिन भी मैगजीन लेबल क्षेत्र में शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन जारी रखा। ग्रामीणों का कहना है कि आंदोलन को लगातार नौ दिन हो चुके हैं, लेकिन उनकी मांगों का अब तक ठोस समाधान नहीं हुआ है। इसके बावजूद ग्रामीणों के उत्साह और एकजुटता में कोई कमी नहीं आई है।
लिखित समझौते के पूर्ण पालन की मांग
ग्रामीणों की मुख्य मांग पूर्व में हुए लिखित समझौते को पूरी तरह धरातल पर लागू करना है। आंदोलनकारियों के अनुसार खदान प्रभावित 18 गांवों के युवाओं को रोजगार में प्राथमिकता, 75 प्रतिशत स्थानीय रोजगार, रैक लोडिंग एवं ट्रांसपोर्टिंग में स्थानीय लोगों की भागीदारी समेत अन्य बिंदुओं पर पूर्व में सहमति बनी थी।
ग्रामीणों का आरोप है कि समझौते के कई महत्वपूर्ण बिंदुओं का अब तक पूरी तरह पालन नहीं किया गया है। इसी कारण उन्हें अनिश्चितकालीन आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा है।
ग्रामीणों की एकजुटता बरकरार
आंदोलन में लगातार विभिन्न गांवों के ग्रामीणों की भागीदारी बनी हुई है। आंदोलनकारियों का कहना है कि यह संघर्ष किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं, बल्कि स्थानीय युवाओं को रोजगार, ग्रामीणों के अधिकार और पूर्व में किए गए समझौते के सम्मान के लिए है।
मांग पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन
आंदोलनकारियों ने स्पष्ट किया कि नौ दिन बीत जाने के बावजूद वे अपनी मांगों से पीछे हटने वाले नहीं हैं। जब तक सेल प्रबंधन और संबंधित पक्षों की ओर से मांगों को पूरा करने की दिशा में ठोस कार्रवाई नहीं की जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
ग्रामीणों ने कहा कि “मांगें पूरी होने तक आंदोलन निरंतर चलता रहेगा।” नौवें दिन भी आंदोलन शांतिपूर्ण रहा और ग्रामीणों ने अपनी एकजुटता के साथ संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया।












