“बाहरी-स्थानीय की राजनीति नहीं चलेगी”, मुखिया राजू सांडिल का ऐलान
23 जुलाई को मीनाबाजार हाथी चौक पर होगा चक्का जाम
रिपोर्ट : शैलेश सिंह
सेल की चिड़िया लौह अयस्क खदान से मनोहरपुर रेलवे साइडिंग तक होने वाले लौह अयस्क परिवहन को 23 जुलाई से रोकने की घोषणा की गई है। इस आंदोलन का नेतृत्व गंगदा पंचायत के मुखिया राजू सांडिल करेंगे। उन्होंने कहा कि जब तक जिला प्रशासन और परिवहन विभाग इस पूरे मामले पर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी नहीं करता, तब तक लौह अयस्क का परिवहन बाधित रहेगा।

ट्रक ऑनर एसोसिएशन की नीति पर गंभीर आरोप
राजू सांडिल ने आरोप लगाया कि मनोहरपुर में हाल ही में गठित कथित ट्रक ऑनर एसोसिएशन कुछ वाहन मालिकों के साथ भेदभावपूर्ण रवैया अपना रही है। उनका कहना है कि बड़ाजामदा के एक वाहन मालिक की मालवाहक ट्रकों को किसी भी परिस्थिति में नहीं चलने देने का निर्णय पूरी तरह गलत और मनमाना है।
“वर्षों तक चले वाहन, अब क्यों लगाया प्रतिबंध?”
मुखिया ने कहा कि संबंधित वाहन वर्षों तक सेल की चिड़िया खदान में संचालित होते रहे हैं। अब केवल ठेकेदार बदल जाने के बाद उन्हीं वाहनों को काम से बाहर करना किसी भी दृष्टि से उचित नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि एसोसिएशन के कुछ पदाधिकारी यह कह रहे हैं कि खदान में केवल मनोहरपुर क्षेत्र के वाहन ही चलेंगे।
“परमिट पूरे राज्य के लिए, किसी एक क्षेत्र के लिए नहीं”
राजू सांडिल ने स्पष्ट कहा कि किसी भी मालवाहक वाहन का परमिट केवल एक प्रखंड या थाना क्षेत्र तक सीमित नहीं होता। झारखंड में पंजीकृत और वैध परमिट वाले वाहन राज्य के विभिन्न हिस्सों में संचालन के हकदार हैं।
“मनोहरपुर के वाहन भी पूरे झारखंड-ओडिशा में चलते हैं”
उन्होंने कहा कि मनोहरपुर के ट्रक और हाईवा भी झारखंड तथा ओडिशा के कई क्षेत्रों में माल ढुलाई करते हैं। वहां उन्हें कोई बाहरी कहकर नहीं रोकता। ऐसे में बड़ाजामदा के वाहन मालिकों को बाहरी बताकर रोकना दोहरी मानसिकता को दर्शाता है।
“बाहरी-स्थानीय की राजनीति बंद हो”
मुखिया ने सवाल उठाया कि आखिर बाहरी और स्थानीय की परिभाषा कौन तय करेगा? यदि कोई व्यक्ति पश्चिम सिंहभूम जिले का निवासी है और उसके वाहन के पास वैध परमिट है, तो उसे परिवहन कार्य से रोकना कानून और समान अधिकारों की भावना के खिलाफ है।
23 जुलाई को होगा बड़ा आंदोलन
राजू सांडिल ने घोषणा की कि 23 जुलाई को मनोहरपुर के मीनाबाजार हाथी चौक के पास चिड़िया खदान से होने वाले लौह अयस्क परिवहन को रोक दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक जिला प्रशासन और परिवहन विभाग स्पष्ट रूप से यह नहीं बताता कि क्या झारखंड पंजीकृत और पश्चिम सिंहभूम जिले के मालवाहक वाहनों को उसी जिले में चलने से रोका जा सकता है या नहीं।
प्रशासन से कड़ी कार्रवाई की मांग
उन्होंने प्रशासन से मांग की कि यदि किसी वाहन को अवैध रूप से रोका जा रहा है तो संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। अन्यथा भविष्य में दूसरे क्षेत्रों के लोग भी मनोहरपुर के वाहनों को अपने इलाके में प्रवेश से रोक सकते हैं, जिससे पूरे परिवहन तंत्र पर नकारात्मक असर पड़ेगा।
चेतावनी
मुखिया राजू सांडिल ने कहा कि यदि समय रहते प्रशासन ने हस्तक्षेप नहीं किया तो आंदोलन और भी व्यापक रूप ले सकता है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग और प्रशासन की होगी।












