विवादों में घिरे सरवन कुमार को विभाग ने हटाया, ग्रामीण कार्य विभाग में मचा हड़कंप
रिपोर्ट : शैलेश सिंह
झारखंड सरकार के ग्रामीण कार्य विभाग में लंबे समय से चल रहे विवाद, शिकायतों और अभियंताओं के बीच बढ़ते असंतोष के बाद आखिरकार विभाग ने बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है। विभागीय गलियारों में लगातार उठ रही शिकायतों और करीब दस अभियंताओं के विरोध के बीच चर्चित अभियंता सरवन कुमार को उनके पद से हटा दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है और अभियंताओं के बीच इसे बड़ी प्रशासनिक सर्जरी के रूप में देखा जा रहा है।
ग्रामीण कार्य विभाग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार कई अभियंताओं का स्थानांतरण, अतिरिक्त प्रभार और नई पदस्थापन की गई है। लेकिन पूरे आदेश में सबसे ज्यादा चर्चा सरवन कुमार को हटाए जाने को लेकर हो रही है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि पिछले कई महीनों से कार्यशैली, पदस्थापन और प्रशासनिक फैसलों को लेकर अभियंताओं के बीच भारी नाराजगी थी। कई अभियंताओं ने विभागीय स्तर पर शिकायतें भी दर्ज कराई थीं, जिसके बाद सरकार ने यह कदम उठाया।

अभियंताओं की नाराजगी बनी कार्रवाई की वजह
सूत्रों के अनुसार विभाग के अंदर करीब दस अभियंताओं ने सरवन कुमार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए थे। आरोप था कि विभागीय कार्यों में समन्वय की कमी, मनमाने निर्णय और कुछ मामलों में पक्षपातपूर्ण रवैये से अभियंताओं में असंतोष लगातार बढ़ रहा था। यही विवाद धीरे-धीरे विभागीय संकट का रूप लेने लगा था।
बताया जा रहा है कि कई अभियंताओं ने उच्च स्तर पर मौखिक और लिखित शिकायतें भेजी थीं। मामला जब लगातार तूल पकड़ने लगा तो सरकार को हस्तक्षेप करना पड़ा। इसके बाद विभाग ने तत्काल प्रभाव से प्रशासनिक फेरबदल करते हुए कई अधिकारियों को नई जिम्मेदारी सौंप दी।

एक साथ कई अभियंताओं का तबादला
किस अधिकारी को कहां मिली जिम्मेदारी
1. मनोहर कुमार को मुख्य अभियंता का अतिरिक्त प्रभार
श्री मनोहर कुमार, प्रभारी अभियंता प्रमुख, ग्रामीण कार्य विभाग, झारखंड, रांची (अतिरिक्त प्रभार–प्रभारी अभियंता प्रमुख, JSRRDA) अपने कार्यों के साथ अगले आदेश तक मुख्य अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, झारखंड, रांची के अतिरिक्त प्रभार में रहेंगे।
2. श्रवण कुमार का गिरिडीह कार्य अंचल में तबादला
श्री श्रवण कुमार, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य प्रमंडल, बोकारो को स्थानांतरित करते हुए अगले आदेश तक अधीक्षण अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य अंचल, गिरिडीह के पद पर पदस्थापित किया गया है।
साथ ही उन्हें मुख्य अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, झारखंड, रांची का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है।
3. सुबोध पासवान को राज्य गुणवत्ता समन्वयक की जिम्मेदारी
श्री सुबोध पासवान, कार्यपालक अभियंता, JSRRDA, झारखंड, रांची (अतिरिक्त प्रभार–SQC, JSRRDA) को स्थानांतरित करते हुए अगले आदेश तक राज्य गुणवत्ता समन्वयक (SQC), JSRRDA, झारखंड, रांची के पद पर पदस्थापित किया गया है।
उन्हें अधीक्षण अभियंता स्तर का वेतनमान दिया गया है।
4. विजय कुमार दास बने अधीक्षण अभियंता, रांची कार्य अंचल
श्री विजय कुमार दास, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, मिट्टी अन्वेषण प्रमंडल, रांची को स्थानांतरित करते हुए अगले आदेश तक अधीक्षण अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य अंचल, रांची के पद पर पदस्थापित किया गया है।
उन्हें अतिरिक्त प्रभार के रूप में यह जिम्मेदारी दी गई है।
5. नीरज कुमार मिश्रा को चाईबासा अंचल का अतिरिक्त प्रभार
श्री नीरज कुमार मिश्रा, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य प्रमंडल, जमशेदपुर अगले आदेश तक अपने कार्यों के साथ अधीक्षण अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य अंचल, चाईबासा के अतिरिक्त प्रभार में रहेंगे।
6. विनोद कुमार को बोकारो प्रमंडल का अतिरिक्त प्रभार
श्री विनोद कुमार, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य प्रमंडल, रामगढ़ अगले आदेश तक अपने कार्यों के साथ कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य प्रमंडल, बोकारो के अतिरिक्त प्रभार में रहेंगे।
7. विकास कुमार को रांची मिट्टी अन्वेषण प्रमंडल की जिम्मेदारी
श्री विकास कुमार, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य प्रमंडल, गुमला अगले आदेश तक अपने कार्यों के साथ कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण कार्य विभाग, मिट्टी अन्वेषण प्रमंडल, रांची के अतिरिक्त प्रभार में रहेंगे।

ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल में भी बदलाव
8. अमरेंद्र कुमार को सचिव (प्रावैधिक) पद पर पदस्थापन
जल संसाधन विभाग की अधिसूचना के आलोक में सेवा प्राप्त श्री अमरेंद्र कुमार, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल, हजारीबाग को अगले आदेश तक सचिव (प्रावैधिक), ग्रामीण विकास विशेष प्रक्षेत्र, रांची के पद पर पदस्थापित किया गया है।
9. शेखर कुमार को हजारीबाग का अतिरिक्त प्रभार
श्री शेखर कुमार, कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल, रामगढ़ अपने कार्यों के साथ अगले आदेश तक कार्यपालक अभियंता, ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल, हजारीबाग के अतिरिक्त प्रभार में रहेंगे।

विभाग में चर्चा का विषय बनी कार्रवाई
ग्रामीण कार्य विभाग में यह कार्रवाई अब चर्चा का सबसे बड़ा विषय बन चुकी है। अभियंताओं के बीच यह सवाल उठ रहा है कि आखिर ऐसी स्थिति क्यों बनी कि सरकार को बड़े स्तर पर हस्तक्षेप करना पड़ा। कई अधिकारी इसे विभागीय असंतोष का परिणाम बता रहे हैं, जबकि कुछ लोग इसे प्रशासनिक संतुलन बनाने की कोशिश मान रहे हैं।
विभागीय कर्मचारियों का कहना है कि लंबे समय से अंदरखाने खींचतान चल रही थी। कई परियोजनाओं और कार्य विभाजन को लेकर अभियंताओं में असहमति बनी हुई थी। यही कारण रहा कि मामला सरकार तक पहुंचा और अंततः बड़े पैमाने पर बदलाव करना पड़ा।
सरकार ने दिए सख्त संकेत
इस पूरे घटनाक्रम को सरकार का सख्त संदेश भी माना जा रहा है। साफ संकेत है कि विभागीय विवाद, आंतरिक गुटबाजी और शिकायतों को अब नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। सरकार चाहती है कि ग्रामीण विकास और सड़क निर्माण से जुड़े कार्य बिना विवाद और रुकावट के आगे बढ़ें।
विशेषज्ञों का मानना है कि ग्रामीण कार्य विभाग राज्य की महत्वपूर्ण योजनाओं से जुड़ा विभाग है। ऐसे में अभियंताओं के बीच विवाद का सीधा असर विकास योजनाओं पर पड़ सकता है। इसी को देखते हुए सरकार ने समय रहते हस्तक्षेप कर स्थिति संभालने की कोशिश की है।

आने वाले दिनों में और हो सकते हैं बदलाव
विभागीय सूत्रों का दावा है कि यह कार्रवाई सिर्फ शुरुआत हो सकती है। आने वाले दिनों में और भी कई अधिकारियों की जिम्मेदारियों में बदलाव संभव है। सरकार विभागीय कार्यों की समीक्षा कर रही है और जिन अधिकारियों पर लगातार शिकायतें मिल रही हैं, उन पर भी कार्रवाई हो सकती है।
फिलहाल सरवन कुमार को हटाए जाने की चर्चा पूरे विभाग में तेज है और इसे अभियंताओं की सामूहिक शिकायतों की बड़ी जीत के रूप में देखा जा रहा है।













