रामा पांडे बोले—समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो जनरल ऑफिस के सामने प्रदर्शन और पुतला दहन
गुवा संवाददाता।
झारखंड मजदूर संघर्ष संघ (झामसंसं) के यूनियन कार्यालय में बुधवार देर शाम मजदूरों की विभिन्न समस्याओं एवं लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता संघ के केंद्रीय अध्यक्ष रामा पांडे ने की। बैठक में सेल प्रबंधन के समक्ष उठाए गए मजदूर हित से जुड़े मुद्दों की समीक्षा करते हुए शीघ्र समाधान की मांग की गई। संघ ने स्पष्ट किया कि यदि समस्याओं का जल्द निराकरण नहीं हुआ तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।

ठेका मजदूरों को जॉइनिंग लेटर नहीं मिलने पर सवाल
बैठक में ठेका मजदूरों को अब तक जॉइनिंग लेटर नहीं दिए जाने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। संघ ने कहा कि किसी दुर्घटना अथवा अप्रिय घटना की स्थिति में मजदूरों की जिम्मेदारी तय करने के लिए प्रत्येक ठेका मजदूर को तत्काल जॉइनिंग लेटर उपलब्ध कराया जाना जरूरी है। साथ ही न्यूनतम मजदूरी से कम भुगतान, समय पर वेतन नहीं देने तथा फर्जी हस्ताक्षर एवं अंगूठे के निशान के माध्यम से मजदूरी निकासी किए जाने के आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की गई।
अस्पताल की व्यवस्था सुधारने की मांग
गुवा सेल अस्पताल की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भी बैठक में नाराजगी जताई गई। संघ ने अस्पताल में नियमित सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने, नया एक्स-रे मशीन लगाने, विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति करने, पर्याप्त दवाएं उपलब्ध कराने तथा मरीजों को बेहतर भोजन देने की मांग की।
मधुमेह मरीजों के लिए अलग डाइट, नया एंबुलेंस उपलब्ध कराने और पर्याप्त सफाई कर्मियों की बहाली की मांग भी रखी गई। इसके अलावा लंबे समय से लंबित सिविल कार्यों को शीघ्र शुरू कराने की मांग की गई।
बारिश में टपकती छत और घरों में घुसता गंदा पानी
मजदूर क्वार्टरों की बदहाल स्थिति भी बैठक में चर्चा का प्रमुख विषय रही। संघ के अनुसार बारिश के दौरान कई क्वार्टरों की छत से पानी टपकता है, जबकि गंदा पानी घरों में घुस जाने से मजदूर परिवारों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। संघ ने समस्या का स्थायी समाधान करने के साथ 500 नए मजदूर क्वार्टरों के निर्माण की मांग की।
स्कूलों में शिक्षकों की कमी का मामला उठा
शिक्षा से जुड़े मामलों को लेकर भी प्रबंधन से पहल की मांग की गई। इस्को मध्य विद्यालय में एडॉप्ट शिक्षक की नियुक्ति तथा डीएवी स्कूल में नए शिक्षकों की बहाली का मुद्दा उठाया गया। इसके साथ ही रिट्रेंचमेंट बेनिफिट और कोबरा सिक्योरिटी गार्डों के लंबित भुगतान का शीघ्र निष्पादन करने की मांग की गई।
500 की जगह अब तक सिर्फ 18 ठेका मजदूरों की नियुक्ति
बैठक में सेल प्रबंधन द्वारा 500 ठेका मजदूरों की बहाली के पूर्व दिए गए आश्वासन का मुद्दा भी जोरदार तरीके से उठाया गया। संघ के अनुसार अब तक मात्र 18 लोगों की नियुक्ति हुई है। संघ ने शेष मजदूरों की बहाली की प्रक्रिया जल्द शुरू करने की मांग की। वहीं सेमी-स्किल्ड एवं स्किल्ड श्रमिकों के लंबित भुगतान को भी जारी करने की मांग की गई।

रामा पांडे की चेतावनी—अब आंदोलन के अलावा रास्ता नहीं
केंद्रीय अध्यक्ष रामा पांडे ने कहा कि मजदूरों की समस्याओं को लेकर सेल प्रबंधन के साथ कई बार वार्ता हो चुकी है, लेकिन अब तक ठोस समाधान नहीं निकला है। उन्होंने कहा कि मजदूरों की समस्याओं की अनदेखी लंबे समय तक बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मांगों का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो सेल प्रबंधन के खिलाफ आंदोलन शुरू किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि आंदोलन के तहत जनरल ऑफिस के समक्ष प्रदर्शन किया जाएगा और प्रबंधन का पुतला दहन भी किया जाएगा।
सीजीएम पर समस्याओं के प्रति मौन रहने का आरोप
रामा पांडे ने सीजीएम चंद्रभूषण कुमार पर मजदूरों की समस्याओं के प्रति मौन रहने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रबंधन को मजदूरों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए तत्काल समाधान की दिशा में ठोस पहल करनी चाहिए।
बैठक में महामंत्री अंतरयामी महाकुड़, राजेश यादव, पदमा केसरी, आरती होरो, संजय सांडिल, प्रशांत चाम्पिया समेत बड़ी संख्या में सेलकर्मी, ठेका कर्मी एवं ग्रामीण मौजूद थे।

















