रक्त जांच में दो मरीज मिले मलेरिया संक्रमित, मरीजों को दी गईं आवश्यक दवाइयां
रिपोर्ट : शैलेश सिंह
कोलभंगा (सारंडा)। सारंडा के सुदूरवर्ती गांवों में स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने की दिशा में सेल की चिड़िया अस्पताल प्रबंधन और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी), मनोहरपुर की संयुक्त पहल पर मंगलवार को कोलभंगा गांव में चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कुल 56 मरीजों की स्वास्थ्य जांच कर उनका उपचार किया गया तथा आवश्यक दवाइयां उपलब्ध कराई गईं।

15 मरीजों की हुई रक्त जांच, दो में मलेरिया की पुष्टि
शिविर के दौरान 15 मरीजों की रक्त जांच भी की गई। जांच में दो मरीज मलेरिया से संक्रमित पाए गए। मलेरिया के मामलों की पहचान होने से क्षेत्र में मच्छरजनित बीमारियों के प्रति सतर्कता और समय पर जांच एवं उपचार की आवश्यकता भी सामने आई।

डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों ने दी सेवाएं
चिकित्सा शिविर में चिड़िया अस्पताल की ओर से डॉ. राजकुमार, डॉ. नीतू कुमारी, डॉ. सक्षम कुमार, एएनएम मीरा दास, कुमलेन कंडूलना, संध्या रानी दास, लैब टेक्नीशियन थॉमस लागुरी, मोहन लाल चौबे, जग्गू मुखी, डी. आइंद, एम. पात्रो एवं सत्यम तांती ने अपनी सेवाएं दीं।
वहीं, सीएचसी मनोहरपुर की ओर से एमपीडब्ल्यू भगत सिंह बोदरा और एएनएम रिंकु कुमारी सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।

ग्रामीणों को गांव में ही मिली चिकित्सा सुविधा
सारंडा के दुर्गम एवं सुदूरवर्ती गांवों में रहने वाले ग्रामीणों के लिए इस तरह के चिकित्सा शिविर काफी महत्वपूर्ण हैं। इससे ग्रामीणों को सामान्य बीमारियों की जांच, चिकित्सकीय परामर्श और जरूरी दवाइयां गांव में ही उपलब्ध हो पाती हैं। विशेषकर मलेरिया प्रभावित क्षेत्रों में नियमित स्वास्थ्य जांच और जागरूकता ऐसे शिविरों की उपयोगिता को और बढ़ाती है।











